News

म्यांमार में भूकंप से भारी तबाही: मस्जिद ढहने से 20 लोगों की मौत, मठ में बच्चे हताहत

मुस्लिम नाउ ब्यूरो,मांडले

म्यांमार में शुक्रवार को आए दो बड़े भूकंपों ने भारी तबाही मचाई, जिससे कई लोगों की जान चली गई और अनेक इमारतें जमींदोज़ हो गईं। देश के मांडले क्षेत्र में एक मस्जिद ढहने से कम से कम 20 लोगों की मौत हो गई, जबकि एक मठ भी ध्वस्त हो गया, जिसमें बच्चों सहित कई लोग मारे गए।

भूकंप की तीव्रता और असर

शुक्रवार दोपहर म्यांमार में रिक्टर पैमाने पर 7.7 और 6.4 तीव्रता के दो भूकंप दर्ज किए गए। इन भूकंपों के कारण पूरे देश में हड़कंप मच गया, सैकड़ों लोग सड़कों पर आ गए और अफरा-तफरी का माहौल बन गया। भूकंप के झटके थाईलैंड, वियतनाम और चीन के सीमावर्ती इलाकों में भी महसूस किए गए।

मस्जिद और मठ के ध्वस्त होने से कई लोगों की मौत

भूकंप की वजह से मांडले में स्थित एक मस्जिद भरभराकर गिर गई, जिसमें नमाज अदा कर रहे कम से कम 20 लोगों की मौत हो गई और कई अन्य घायल हो गए। वहीं, ताउंगू में स्थित एक मठ, जहां युद्ध प्रभावित शरणार्थी शरण लिए हुए थे, भूकंप के झटकों को सहन नहीं कर सका और गिर गया। इस दुर्घटना में बच्चों सहित पांच लोगों की मौत हो गई।

अन्य तबाही और नुकसान

भूकंप के कारण मांडले विश्वविद्यालय में आग लगने की भी खबर है, जिससे भारी क्षति हुई है और हताहतों की संख्या बढ़ने की आशंका है। थाईलैंड में भी भूकंप के झटकों के चलते एक निर्माणाधीन गगनचुंबी इमारत ढह गई, जिससे तीन लोगों की मौत हो गई और 81 लोग लापता बताए जा रहे हैं।

सरकारी प्रतिक्रिया और आपातकाल की घोषणा

म्यांमार प्रशासन के अनुसार, अब तक मांडले में 20 और ताउंगू में 5 मौतों की पुष्टि हो चुकी है। घायलों का इलाज स्थानीय अस्पतालों में किया जा रहा है। देश की सत्तारूढ़ सेना ने छह क्षेत्रों में आपातकाल की घोषणा की है और अंतर्राष्ट्रीय समुदाय से मानवीय सहायता की अपील की है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जताया दुख, हरसंभव मदद का आश्वासन

भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भूकंप की त्रासदी पर गहरा शोक व्यक्त किया और म्यांमार तथा थाईलैंड को हरसंभव मदद का आश्वासन दिया। उन्होंने सोशल मीडिया पर पोस्ट करते हुए लिखा:

“म्यांमार और थाईलैंड में भूकंप के मद्देनजर स्थिति से चिंतित हूं। सभी की सुरक्षा और भलाई के लिए प्रार्थना करता हूं। भारत हर संभव सहायता देने के लिए तैयार है। इस संबंध में, हमारे अधिकारियों को स्टैंडबाय पर रहने को कहा गया है।”

अंतरराष्ट्रीय सहायता और राहत अभियान

म्यांमार की सत्तारूढ़ सरकार ने संयुक्त राष्ट्र और अन्य अंतरराष्ट्रीय एजेंसियों से राहत और बचाव कार्य में सहयोग की अपील की है। इस बीच, भारतीय विदेश मंत्रालय म्यांमार और थाईलैंड की सरकारों के संपर्क में है ताकि आवश्यक सहायता पहुंचाई जा सके।

नागरिकों से सतर्क रहने की अपील

भूकंप के लगातार झटकों को देखते हुए सरकार ने नागरिकों से सतर्क रहने और सुरक्षित स्थानों पर शरण लेने की अपील की है। राहत और बचाव कार्य जारी है, और सरकार बचाव प्रयासों में तेजी लाने के लिए हरसंभव कदम उठा रही है।


म्यांमार भूकंप से जुड़ी ताजा अपडेट्स के लिए बने रहें।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *