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रियाद एयरपोर्ट हमले में भारतीय मोहम्मद यूसुफ की मौत, ओवैसी ने की पुष्टि

मुस्लिम नाउ ब्यूरो, रियाद

रियाद: सऊदी अरब की राजधानी रियाद में किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हुए हमले में घायल एक भारतीय नागरिक मोहम्मद यूसुफ की मौत हो गई है। एआईएमआईएम प्रमुख और हैदराबाद के सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने इसकी पुष्टि की है। यूसुफ हैदराबाद के मेहदीपट्टनम के रहने वाले थे। इस घटना में उनका परिवार भी प्रभावित हुआ है। उनके एक बेटे के घुटने की सर्जरी की जा रही है, जबकि दूसरा बेटा अस्पताल में भर्ती है। उसकी पैर की तीन उंगलियां कट गई हैं। परिवार के अन्य सदस्यों को भी चोटें आई हैं।

रियाद स्थित भारतीय दूतावास ने भी हमले में घायल भारतीय नागरिकों की स्थिति को लेकर ताजा जानकारी साझा की है। दूतावास के अनुसार, उसके अधिकारियों ने उन सभी अस्पतालों का दौरा किया है, जहां हमले में घायल भारतीयों को भर्ती कराया गया था। दूतावास ने बताया कि एक भारतीय नागरिक की मौत हो गई है। तीन भारतीय गहन चिकित्सा इकाई (आईसीयू) में भर्ती हैं, लेकिन उनकी हालत स्थिर है। दो अन्य घायल सामान्य वार्ड में उपचार करा रहे हैं। बाकी घायलों को अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है।

इस घटना के बाद रियाद में भारतीय दूतावास स्थानीय अधिकारियों और अस्पताल प्रशासन के संपर्क में है। दूतावास ने घायल भारतीय नागरिकों को चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराने के लिए सऊदी अधिकारियों का आभार जताया है। साथ ही प्रभावित परिवारों को हरसंभव मदद देने का भरोसा दिलाया है।

मोहम्मद यूसुफ की मौत पर ओवैसी ने जताया दुख

एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने सोशल मीडिया पर मोहम्मद यूसुफ की मौत की पुष्टि करते हुए दुख व्यक्त किया। उन्होंने लिखा कि यूसुफ साहब का निधन हो गया है। उन्होंने उनके लिए दुआ करते हुए कहा, “इन्ना लिल्लाहि व इन्ना इलैहि राजिऊन।”

ओवैसी के अनुसार, यूसुफ के एक बेटे के घुटने की सर्जरी चल रही है। उनका दूसरा बेटा भी अस्पताल में भर्ती है। हमले में उसके पैर की तीन उंगलियां कट गई हैं। यूसुफ की पत्नी और बेटी सुरक्षित हैं। उनकी चाची भी उनके साथ थीं। उनके सिर में चोट आई है, लेकिन उनकी हालत खतरे से बाहर बताई गई है।

ओवैसी ने बताया कि वह रियाद में यूसुफ के साले के संपर्क में हैं। उन्होंने यह भी कहा कि संबंधित अधिकारियों ने परिवार की देखभाल का भरोसा दिया है। सांसद ने भारतीय अधिकारियों से प्रभावित परिवार को हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने की अपील की।

मोहम्मद यूसुफ का परिवार हैदराबाद के मेहदीपट्टनम का रहने वाला है। उनकी मौत की खबर से परिवार और स्थानीय लोगों में शोक है। हालांकि, परिवार के सदस्यों की चिकित्सा स्थिति और आगे की सहायता को लेकर भारतीय दूतावास की भूमिका महत्वपूर्ण बनी हुई है।

रियाद एयरपोर्ट हमले में भारतीय नागरिकों को नुकसान

रियाद एयरपोर्ट पर हुए हमले के बाद भारतीय नागरिकों की सुरक्षा का मुद्दा प्रमुखता से सामने आया है। भारतीय दूतावास ने पहले जानकारी दी थी कि हमले में घायल लोगों में 11 भारतीय नागरिक शामिल थे। उस समय दूतावास ने कहा था कि वह घायलों की स्थिति जानने के लिए सऊदी अरब के स्थानीय अधिकारियों और अस्पताल प्रशासन के साथ लगातार संपर्क में है।

दूतावास ने अपने शुरुआती बयान में हमले को कायराना बताया था। उसने कहा था कि घटना में 12 लोगों की मौत हुई और 300 से अधिक लोग घायल हुए। अधिकारियों ने अस्पतालों में भर्ती भारतीय नागरिकों के स्वास्थ्य की जानकारी जुटाई और उनके परिवारों की सहायता के लिए संपर्क बनाए रखा।

ताजा बयान में एक भारतीय नागरिक की मौत की पुष्टि होने के बाद घायलों की स्थिति भी स्पष्ट की गई है। तीन भारतीय आईसीयू में हैं, लेकिन उनकी हालत स्थिर है। दो अन्य सामान्य वार्ड में भर्ती हैं। शेष घायल अस्पताल से छुट्टी पा चुके हैं।

इस घटनाक्रम ने सऊदी अरब में रहने और काम करने वाले भारतीय नागरिकों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी है। रियाद में बड़ी संख्या में भारतीय समुदाय के लोग रहते और काम करते हैं। ऐसे में किसी बड़े सुरक्षा घटनाक्रम के दौरान दूतावास की ओर से समय पर जानकारी और चिकित्सा सहायता का समन्वय महत्वपूर्ण होता है।

अल जजीरा ने पाकिस्तानी नागरिक की मौत की खबर दी

इस बीच, अंतरराष्ट्रीय समाचार चैनल अल जजीरा ने रियाद एयरपोर्ट पर एक अन्य ताजा हमले में एक पाकिस्तानी नागरिक की मौत की खबर प्रकाशित की है। रिपोर्ट के अनुसार, सऊदी अरब के नागरिक उड्डयन प्राधिकरण ने रविवार को किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हुए हमले में एक व्यक्ति की मौत और 11 अन्य लोगों के घायल होने की जानकारी दी।

प्राधिकरण ने मृतक की पहचान पाकिस्तानी नागरिक के रूप में की है। बयान में कहा गया कि हमले से संपत्ति को नुकसान पहुंचा है और नुकसान का आकलन किया जा रहा है।

सऊदी अधिकारियों के मुताबिक, एयरपोर्ट के दो यात्री टर्मिनलों पर एक प्रोजेक्टाइल गिरा था। प्रोजेक्टाइल से आशय मिसाइल या रॉकेट जैसे हथियार से है। इस घटना के कारण आग लगने की भी खबर सामने आई।

अल जजीरा की रिपोर्ट में इस घटना को शनिवार को हुए हमले से अलग, एक ताजा हमला बताया गया है। दोनों घटनाओं की समयरेखा और नुकसान के विवरण को अलग-अलग समझना जरूरी है, क्योंकि शुरुआती रिपोर्टों में मृतकों और घायलों की संख्या अलग-अलग घटनाओं के संदर्भ में सामने आई है।

रिपोर्ट के अनुसार, यमन के हूती समूह ने दोनों हमलों की जिम्मेदारी ली है। हालांकि, हमलों के पूरे घटनाक्रम, नुकसान की सीमा और संबंधित सुरक्षा आकलन के बारे में सऊदी अधिकारियों की ओर से आगे की जानकारी महत्वपूर्ण होगी।

पहले हमले में 12 लोगों की मौत, 300 से अधिक घायल

रियाद के किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर शनिवार को हुए पहले हमले में कम से कम 12 लोगों की मौत हुई थी। 300 से अधिक लोगों के घायल होने की जानकारी दी गई थी। इस घटना में कई देशों के नागरिक प्रभावित हुए। मृतकों में बांग्लादेशी नागरिकों सहित विभिन्न देशों के लोग शामिल बताए गए थे।

हमले के बाद सऊदी अरब के नागरिक उड्डयन प्राधिकरण और स्थानीय प्रशासन ने घटना से जुड़े विवरण साझा किए। भारतीय दूतावास ने भी अपने नागरिकों की स्थिति पर नजर रखी और घायलों तक पहुंचने के लिए अस्पतालों का दौरा किया।

इस घटना के बाद रियाद एयरपोर्ट की सुरक्षा, नागरिक उड्डयन व्यवस्था और अंतरराष्ट्रीय यात्रियों की सुरक्षा को लेकर सवाल उठे हैं। किसी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर हमला केवल स्थानीय सुरक्षा का मामला नहीं होता। इससे वहां मौजूद यात्रियों, कर्मचारियों और विभिन्न देशों के नागरिकों की जान को खतरा हो सकता है।

रियाद सऊदी अरब का प्रमुख केंद्र है। किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट से बड़ी संख्या में घरेलू और अंतरराष्ट्रीय उड़ानों का संचालन होता है। इसलिए यहां किसी भी सुरक्षा घटना का असर यात्रियों और विमानन सेवाओं पर पड़ सकता है।

भारतीय दूतावास ने परिवार को मदद का भरोसा दिया

मोहम्मद यूसुफ की मौत के बाद भारतीय दूतावास के सामने प्रभावित परिवार को सहायता उपलब्ध कराने की जिम्मेदारी भी महत्वपूर्ण हो गई है। दूतावास ने कहा है कि वह परिवार को हरसंभव मदद देने के लिए प्रतिबद्ध है। घायल भारतीय नागरिकों को उपचार उपलब्ध कराने में सऊदी अधिकारियों के सहयोग के लिए भी आभार व्यक्त किया गया है।

यूसुफ के परिवार के कई सदस्यों के घायल होने की जानकारी सामने आई है। उनके एक बेटे की सर्जरी हो रही है और दूसरे बेटे को भी गंभीर चोटें आई हैं। उनकी चाची के सिर में चोट लगी है, हालांकि उनकी स्थिति खतरे से बाहर बताई गई है। ऐसे में परिवार को चिकित्सा सहायता के साथ अन्य जरूरी सहयोग की भी आवश्यकता हो सकती है।

फिलहाल, भारतीय दूतावास घायलों की स्थिति और परिवार की सहायता से संबंधित जानकारी पर नजर रखे हुए है। असदुद्दीन ओवैसी ने भी अधिकारियों से परिवार को हरसंभव मदद देने की अपील की है।

रियाद एयरपोर्ट हमले में मोहम्मद यूसुफ की मौत ने इस घटना के मानवीय पहलू को सामने ला दिया है। हमले में प्रभावित लोगों के परिवार अब अपने प्रियजनों के इलाज, सुरक्षा और भविष्य को लेकर चिंता में हैं। ऐसे समय में घायलों को बेहतर उपचार, परिवारों को सहायता और घटना के बारे में विश्वसनीय जानकारी उपलब्ध कराना सबसे जरूरी है।

मुख्य तथ्य: रियाद एयरपोर्ट हमले में भारतीय नागरिक मोहम्मद यूसुफ की मौत की पुष्टि असदुद्दीन ओवैसी ने की है। भारतीय दूतावास के अनुसार, तीन भारतीय आईसीयू में हैं और उनकी हालत स्थिर है। अल जजीरा ने एक अन्य ताजा हमले में पाकिस्तानी नागरिक की मौत की भी खबर दी है। दोनों घटनाओं के विवरण को अलग-अलग समझना आवश्यक है।

AEO के लिए सवाल-जवाब

सवाल: रियाद एयरपोर्ट हमले में किस भारतीय की मौत हुई?

जवाब: हैदराबाद के मेहदीपट्टनम निवासी मोहम्मद यूसुफ की मौत की पुष्टि असदुद्दीन ओवैसी ने की है।

सवाल: हमले में घायल भारतीयों की स्थिति क्या है?

जवाब: भारतीय दूतावास के अनुसार, तीन भारतीय आईसीयू में हैं और उनकी हालत स्थिर है। दो अन्य सामान्य वार्ड में भर्ती हैं। बाकी घायलों को छुट्टी दे दी गई है।

सवाल: क्या रियाद एयरपोर्ट पर दूसरे हमले की भी खबर है?

जवाब: हां। अल जजीरा की रिपोर्ट के अनुसार, एक अन्य ताजा हमले में एक पाकिस्तानी नागरिक की मौत हुई और 11 लोग घायल हुए। इसे पहले हमले से अलग घटना बताया गया है।

संपादकीय नोट: प्रकाशन से पहले दोनों हमलों की तारीख, मृतकों की संख्या और हूती समूह की जिम्मेदारी से संबंधित दावों की नवीनतम आधिकारिक पुष्टि कर लें। रिपोर्ट में उपलब्ध जानकारी के आधार पर घटनाओं को अलग रखा गया है, ताकि पाठकों के सामने मृतकों और घायलों के आंकड़ों को लेकर भ्रम न हो।

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