महमूदाबाद: सीमित संसाधनों में बेहतर जीवन जीना सिखाता है रोवर्स रेंजर्स
मुस्लिम नाउ ब्यूरो, बाराबंकी, उत्तर प्रदेश
उत्तर प्रदेश के सीतापुर जिले में स्थित फखरुलुद्दीन अली अहमद राजकीय पीजी कॉलेज, महमूदाबाद में तीन दिवसीय रोवर्स रेंजर्स प्रशिक्षण शिविर का शानदार आगाज हुआ है। यह आयोजन सिर्फ एक कॉलेज प्रोग्राम नहीं है। यह युवाओं को अनुशासन और आत्मनिर्भरता का पाठ पढ़ाने की एक बड़ी पहल है। कॉलेज की प्रिंसिपल डॉ. सीमा सिंह की अध्यक्षता में इस शिविर की शुरुआत झंडा फहराकर की गई।
अनुशासन से संवरेगा भविष्य
आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में युवाओं के लिए धैर्य और अनुशासन सबसे जरूरी है। शिविर के पहले दिन छात्रों को संबोधित करते हुए प्रिंसिपल डॉ. सीमा सिंह ने बहुत गहरी बात कही। उन्होंने बताया कि रोवर्स रेंजर्स की ट्रेनिंग हमें यह सिखाती है कि जब हमारे पास साधन कम हों, तब भी हम एक बेहतर और सम्मानित जीवन कैसे जी सकते हैं। उन्होंने जोर देकर कहा कि यहाँ सीखा गया हुनर छात्रों के पूरे जीवन में काम आएगा।
मुश्किल हालात का सामना करना सीख रहे युवा
कार्यक्रम में अर्थशास्त्र विभाग के प्रोफेसर मोहम्मद सईद ने भी अपने विचार साझा किए। उन्होंने बताया कि यह ट्रेनिंग हमें मुश्किल परिस्थितियों में शांत रहकर रास्ता निकालना सिखाती है। इतिहास विभाग की प्रोफेसर ज्योति शाह ने अपने पुराने अनुभवों को याद किया। उन्होंने बताया कि कैसे एक प्रशिक्षित रेंजर समाज सेवा के कार्यों में बढ़-चढ़कर हिस्सा ले सकता है। इस शिविर का मुख्य उद्देश्य युवाओं को एक जिम्मेदार नागरिक बनाना है।
सीखीं बारीकियां: सैल्यूट से लेकर झंडा गीत तक
ट्रेनिंग के पहले दिन को दो मुख्य सत्रों में बांटा गया। पहले सत्र में छात्रों को टोलियों में विभाजित किया गया। ट्रेनर संजय कश्यप और कुमारी पूजा देवी ने छात्रों को रोवर्स रेंजर्स के प्रतीकों की जानकारी दी। छात्रों ने सीखा कि बाएं हाथ से सैल्यूट करने का क्या महत्व है और झंडा बांधने के सही नियम क्या हैं।
दूसरे सत्र में संस्था के इतिहास और उद्देश्यों पर चर्चा हुई। यहाँ छात्रों ने प्रार्थना, झंडा गीत, शपथ और वर्दी के नियमों को बारीकी से समझा। इन छोटी-छोटी बातों के जरिए छात्रों के भीतर देशभक्ति और सेवा का जज्बा पैदा करने की कोशिश की गई।
सबका साथ और साझा प्रयास
इस आयोजन को सफल बनाने में कॉलेज के पूरे स्टाफ का सहयोग रहा। रोवर्स प्रभारी डॉ. उपेन्द्र सिंह और डॉ. जेबा खान ने पूरी व्यवस्था संभाली। इस मौके पर कॉलेज के वरिष्ठ प्रोफेसर डॉ. विपिन कुमार शुक्ला, डॉ. संजीव कुमार अग्रवाल, डॉ. अनिल विश्रांत और डॉ. आर.पी. सिंह सहित कई शिक्षक मौजूद रहे।
अंत में डॉ. उपेन्द्र सिंह ने सभी शिक्षकों, प्रशिक्षकों और छात्रों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने स्थानीय मीडिया का भी शुक्रिया अदा किया जिन्होंने इस सकारात्मक पहल को जन-जन तक पहुँचाने में मदद की। यह तीन दिवसीय शिविर आने वाले दो दिनों में छात्रों को प्राथमिक चिकित्सा और आपदा प्रबंधन जैसे और भी कई महत्वपूर्ण गुर सिखाएगा।

