बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड चुनाव की तारीख का हुआ एलान
Table of Contents
ढाका
बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड यानी बीसीबी में एक बार फिर चुनावी हलचल तेज हो गई है. बोर्ड ने आधिकारिक तौर पर घोषणा की है कि उसके निदेशक मंडल के चुनाव 7 जून को कराए जाएंगे. इस चुनाव के जरिए बांग्लादेश क्रिकेट में प्रशासनिक स्तर पर बड़े बदलाव देखने को मिल सकते हैं. खेल प्रेमियों और क्रिकेट समीक्षकों की नजरें अब पूरी तरह से इस चुनावी प्रक्रिया पर टिक गई हैं.
क्रिकेट बोर्ड की नियमावली के मुताबिक आम सदस्यों की संस्था जिसे काउंसिलर कहा जाता है वह मिलकर कुल 25 निदेशकों में से 23 का चुनाव करेगी. इसके बाद चुने गए 25 निदेशकों का यही समूह आपस में मिलकर बीसीबी के नए अध्यक्ष का फैसला करेगा. बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड के नए अध्यक्ष का कार्यकाल पूरे चार साल के लिए होगा.
तमीम इकबाल की देखरेख में होगा चुनाव
इस पूरी चुनावी प्रक्रिया में बांग्लादेश क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान तमीम इकबाल एक महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं. तमीम इकबाल इस समय सरकार की तरफ से अप्रैल में गठित की गई एक तदर्थ समिति के तहत बीसीबी के अध्यक्ष पद की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं. वह खुद भी काउंसिलर की सूची में शामिल हैं. इसके साथ ही यह भी उम्मीद जताई जा रही है कि वह 7 जून को होने वाले निदेशक और अध्यक्ष दोनों ही स्तर के चुनावों की पूरी निगरानी करेंगे.
बोर्ड ने सुचारू रूप से चुनाव संपन्न कराने के लिए पहले ही एक सक्षम चुनाव आयोग का गठन कर दिया था. यह तीन सदस्यीय आयोग बोर्ड के नियमों और विनियमों के अनुसार चुनाव से जुड़ी सभी प्रक्रियाओं की बारीकी से देखरेख करेगा.
अनुभवी हाथों में चुनाव की कमान
बांग्लादेश सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ अधिवक्ता अहसानुल करीम को मुख्य चुनाव आयुक्त नियुक्त किया गया है. उनके साथ पैनल में दो अन्य महत्वपूर्ण हस्तियों को भी शामिल किया गया है. इनमें गाजीपुर महानगर पुलिस के पुलिस आयुक्त मोहम्मद इसराइल हावलादार और राष्ट्रीय खेल परिषद के योजना एवं विकास निदेशक ए बी एम अहसानुल मामून शामिल हैं. यह टीम पूरी निष्पक्षता के साथ चुनाव कराने के लिए जिम्मेदार होगी.
इस नए चुनाव की पृष्ठभूमि पिछले साल के घटनाक्रम से जुड़ी हुई है. बीसीबी के पिछले चुनाव अक्टूबर 2025 में आयोजित किए गए थे. उस समय पूर्व कप्तान अमीनुल इस्लाम ने भारी बहुमत से जीत हासिल की थी. हालांकि वह कार्यकाल ज्यादा लंबा नहीं चल सका.
पिछले चुनाव पर उठे थे गंभीर सवाल
अक्टूबर 2025 में हुए चुनाव के बाद बांग्लादेश सरकार को कई तरह की शिकायतें मिली थीं. इसके बाद सरकार ने मामले की जांच के लिए एक विशेष समिति का गठन किया था. जांच समिति ने अपनी रिपोर्ट में पाया कि पिछले चुनाव में बड़े पैमाने पर वोटिंग में धांधली की गई थी. इसके साथ ही चुनाव में पक्षपात और मतदाताओं पर दबाव बनाने की बातें भी सामने आईं. इसी जांच रिपोर्ट के आधार पर पुराना ढांचा बदला गया और अब नए सिरे से चुनाव की तैयारी की जा रही है.
बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड के चुनाव को पूरी तरह पारदर्शी बनाने के लिए इसे तीन अलग-अलग श्रेणियों में बांटा गया है. हर श्रेणी के लिए खास नियम बनाए गए हैं ताकि समाज के हर वर्ग और खेल से जुड़े लोगों को सही प्रतिनिधित्व मिल सके.
तीन अलग श्रेणियों में बंटा है पूरा चुनाव
पहली श्रेणी के तहत बांग्लादेश के विभिन्न संभागों और जिलों से 10 निदेशकों का चुनाव किया जाएगा. यह श्रेणी क्षेत्रीय स्तर पर क्रिकेट के विकास को बढ़ावा देने के लिए बहुत महत्वपूर्ण मानी जाती है. दूसरी श्रेणी में ढाका के स्थानीय क्लबों के प्रतिनिधियों को जगह दी गई है. इस श्रेणी से कुल 12 निदेशकों को चुना जाएगा. ढाका के क्लबों का बांग्लादेश क्रिकेट के घरेलू ढांचे में हमेशा से बड़ा दबदबा रहा है.
तीसरी श्रेणी में सिर्फ एक निदेशक का चुनाव होना है. इसके लिए एक विशेष पैनल तैयार किया गया है. इस पैनल में पूर्व क्रिकेटर, राष्ट्रीय टीम के पूर्व कप्तान, सुरक्षाकर्मी और राष्ट्रीय खेल परिषद द्वारा नामित काउंसिलर शामिल हैं. इन तीन श्रेणियों से चुने गए 23 सदस्यों के अलावा बाकी बचे दो बोर्ड सदस्यों का चयन सीधे बांग्लादेश सरकार द्वारा किया जाएगा.
बांग्लादेश क्रिकेट के भविष्य को सुधारने और प्रशासनिक सुधारों को लागू करने के लिहाज से यह चुनाव बेहद अहम माना जा रहा है. खेल प्रेमी उम्मीद कर रहे हैं कि इस बार की प्रक्रिया पूरी तरह साफ सुथरी होगी जिससे क्रिकेट का भला हो सके.

