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जामिया ने रिकॉर्ड समय में परीक्षाएं और प्रवेश प्रक्रिया पूरी की

मुस्लिम नाउ ब्यूरो, नई दिल्ली

जामिया मिल्लिया इस्लामिया ने शैक्षणिक सत्र 2025 से 26 की एंड सेमेस्टर परीक्षाओं और नए सत्र 2026 से 27 की प्रवेश प्रक्रिया को तय समय में पूरा कर एक नई मिसाल पेश की है। विश्वविद्यालय ने न केवल परीक्षाएं समय पर कराईं बल्कि परिणाम भी बिना देरी के घोषित किए। इससे हजारों विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा और रोजगार के लिए समय पर आवेदन करने का अवसर मिला।

विश्वविद्यालय प्रशासन का कहना है कि बेहतर योजना, तकनीक के उपयोग और सभी विभागों के सहयोग से यह बड़ा काम रिकॉर्ड समय में पूरा किया गया। इस दौरान पारदर्शिता और सुरक्षा को भी सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई।

बीस हजार छात्रों ने दी सेमेस्टर परीक्षा

जामिया मिल्लिया इस्लामिया में 280 से अधिक शैक्षणिक कार्यक्रमों की एंड सेमेस्टर परीक्षाएं 2 मई से 25 मई 2026 तक आयोजित की गईं। इन परीक्षाओं में स्नातक, स्नातकोत्तर, डिप्लोमा और सर्टिफिकेट पाठ्यक्रमों के लगभग 20 हजार छात्र शामिल हुए।

परीक्षाएं तय समय पर पूरी होने के कारण विश्वविद्यालय 25 मई से अपनी गर्मी की छुट्टियां भी निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार शुरू कर सका। इससे नए शैक्षणिक कैलेंडर पर किसी तरह का असर नहीं पड़ा।

समय पर आए लगभग 800 परीक्षा परिणाम

परीक्षा नियंत्रक कार्यालय ने परीक्षा शुरू होने से पहले छात्रों और शिक्षकों के लिए विस्तृत मानक संचालन प्रक्रिया जारी की। इसका उद्देश्य परीक्षा संचालन और उत्तर पुस्तिकाओं के मूल्यांकन को तेज और व्यवस्थित बनाना था।

इस व्यवस्था का असर परिणामों पर भी दिखाई दिया। विश्वविद्यालय ने लगभग 800 परीक्षा परिणाम निर्धारित समय सीमा के भीतर घोषित कर दिए। इसके साथ ही ग्रेड शीट और प्रोविजनल डिग्री भी जल्द जारी की गईं।

समय पर परिणाम मिलने से विद्यार्थियों को दूसरे विश्वविद्यालयों में प्रवेश लेने, छात्रवृत्ति के लिए आवेदन करने और नौकरी के अवसरों का लाभ उठाने में सुविधा मिली।

पहली बार पढ़ाई और परीक्षा में शामिल हुए SWAYAM कोर्स

इस वर्ष जामिया ने एक और महत्वपूर्ण कदम उठाया। पहली बार राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के अनुरूप SWAYAM कोर्स को विश्वविद्यालय की पढ़ाई और परीक्षा प्रणाली का हिस्सा बनाया गया।

विश्वविद्यालय का मानना है कि इससे छात्रों को डिजिटल माध्यम से गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्राप्त करने के अधिक अवसर मिलेंगे। साथ ही उन्हें अपनी पढ़ाई को अधिक लचीले ढंग से आगे बढ़ाने में मदद मिलेगी।

एक लाख से अधिक छात्रों ने किया आवेदन

शैक्षणिक सत्र 2026 से 27 में प्रवेश के लिए जामिया को देश भर से एक लाख से अधिक आवेदन प्राप्त हुए।

ये आवेदन स्नातक, स्नातकोत्तर, पीजी डिप्लोमा, एडवांस्ड डिप्लोमा, डिप्लोमा और सर्टिफिकेट कार्यक्रमों के लिए आए।

प्रवेश परीक्षाएं देश के 16 शहरों में आयोजित की गईं। इनमें दिल्ली, लखनऊ, पटना, श्रीनगर, जम्मू, जयपुर, गुवाहाटी, कोलकाता, मुंबई, भोपाल, किशनगंज, देहरादून, कालीकट, बेंगलुरु, हैदराबाद और रांची शामिल रहे।

विश्वविद्यालय के अनुसार सभी परीक्षा केंद्रों पर व्यवस्था शांतिपूर्ण और सुव्यवस्थित रही।

कई पाठ्यक्रमों में राष्ट्रीय परीक्षा के आधार पर प्रवेश

जामिया ने इस वर्ष विभिन्न पाठ्यक्रमों के लिए अलग अलग प्रवेश प्रणाली अपनाई है।

25 शैक्षणिक कार्यक्रमों में प्रवेश कॉमन यूनिवर्सिटी एंट्रेंस टेस्ट यानी CUET के अंकों के आधार पर दिया जाएगा।

बीटेक पाठ्यक्रम में प्रवेश JEE Main 2026 की रैंक के अनुसार होगा।

बीआर्क कार्यक्रम में प्रवेश NATA 2026 के आधार पर मिलेगा।

इंटीग्रेटेड टीचर एजुकेशन प्रोग्राम में प्रवेश NCET 2026 की मेरिट सूची के अनुसार होगा।

विश्वविद्यालय ने बताया कि प्रवेश परिणाम घोषित करने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है।

जामिया स्कूलों के लिए भी बड़ी संख्या में आवेदन

विश्वविद्यालय ने अपने स्कूलों में प्रवेश के लिए भी व्यापक स्तर पर परीक्षा आयोजित की।

छठी, नौवीं और ग्यारहवीं कक्षा में प्रवेश के लिए पांच शहरों में परीक्षा केंद्र बनाए गए।

इन कक्षाओं में दाखिले के लिए 53 हजार 594 से अधिक आवेदन प्राप्त हुए। इससे स्पष्ट है कि जामिया स्कूलों में पढ़ाई के प्रति छात्रों और अभिभावकों का भरोसा लगातार बढ़ रहा है।

सुरक्षा पर रहा विशेष जोर

इस वर्ष प्रवेश प्रक्रिया को और अधिक सुरक्षित बनाने के लिए कई नए कदम उठाए गए।

सभी परीक्षा केंद्रों के प्रवेश द्वार पर मेटल डिटेक्टर लगाए गए।

फर्जी अभ्यर्थियों की पहचान और किसी भी तरह की अनुचित गतिविधि को रोकने के लिए अतिरिक्त निगरानी की व्यवस्था भी की गई।

विश्वविद्यालय का कहना है कि इन उपायों से परीक्षा प्रक्रिया की विश्वसनीयता और मजबूत हुई है।

राष्ट्रीय शिक्षा नीति के अनुरूप बदलाव

परीक्षा नियंत्रक प्रोफेसर एहतेशामुल हक ने बताया कि विश्वविद्यालय लगातार राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के प्रावधानों को लागू कर रहा है।

उन्होंने कहा कि इस वर्ष SWAYAM कोर्स के साथ साथ मल्टीपल एंट्री की व्यवस्था को भी प्रवेश प्रक्रिया में शामिल किया गया है। इससे छात्रों को अपनी शैक्षणिक यात्रा अधिक लचीले तरीके से आगे बढ़ाने का अवसर मिलेगा।

उन्होंने यह भी बताया कि विश्वविद्यालय ने अपने संसाधनों का प्रभावी उपयोग करते हुए परीक्षाएं और प्रवेश प्रक्रिया लगभग एक साथ पूरी की।

कुलपति ने टीम की सराहना की

जामिया के कुलपति प्रोफेसर मजहर आसिफ ने परीक्षा नियंत्रक प्रोफेसर एहतेशामुल हक और उनकी पूरी टीम को बधाई दी।

उन्होंने कहा कि बेहतर योजना और समयबद्ध कार्यशैली के कारण विश्वविद्यालय रिकॉर्ड समय में परीक्षा, प्रवेश और परिणाम की प्रक्रिया पूरी करने में सफल रहा।

उनके अनुसार समय पर परीक्षा और परिणाम घोषित होने से विश्वविद्यालय की शैक्षणिक व्यवस्था और भविष्य की योजना को मजबूती मिलेगी।

रजिस्ट्रार ने बताया बड़ी उपलब्धि

रजिस्ट्रार प्रोफेसर मोहम्मद महताब आलम रिजवी ने भी परीक्षा नियंत्रक कार्यालय के काम की सराहना की।

उन्होंने विश्वविद्यालय में इन हाउस गोपनीय प्रिंटिंग सुविधा शुरू करने और परीक्षा प्रक्रिया में लगातार ऑटोमेशन बढ़ाने की पहल को महत्वपूर्ण उपलब्धि बताया।

उनका कहना था कि इन सुधारों से परीक्षा प्रणाली पहले की तुलना में अधिक पारदर्शी, सुरक्षित और प्रभावी बनी है।

छात्रों के लिए क्यों महत्वपूर्ण है यह उपलब्धि

किसी भी विश्वविद्यालय में समय पर परीक्षा और परिणाम घोषित होना छात्रों के भविष्य से सीधे जुड़ा होता है।

यदि परिणाम में देरी होती है तो विद्यार्थियों को दूसरे संस्थानों में प्रवेश, छात्रवृत्ति और नौकरी के अवसरों में कठिनाई का सामना करना पड़ता है।

जामिया मिल्लिया इस्लामिया ने इस वर्ष समयबद्ध परीक्षा, तेज मूल्यांकन और पारदर्शी प्रवेश प्रक्रिया के जरिए यह संदेश दिया है कि बेहतर योजना और मजबूत प्रशासनिक व्यवस्था के साथ बड़े स्तर पर भी शैक्षणिक कार्य समय पर पूरे किए जा सकते हैं।


अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

प्रश्न: जामिया मिल्लिया इस्लामिया की एंड सेमेस्टर परीक्षाएं कब हुईं?
उत्तर: परीक्षाएं 2 मई से 25 मई 2026 के बीच आयोजित की गईं।

प्रश्न: इस वर्ष कितने छात्रों ने सेमेस्टर परीक्षाएं दीं?
उत्तर: लगभग 20 हजार छात्रों ने विभिन्न पाठ्यक्रमों की परीक्षाओं में हिस्सा लिया।

प्रश्न: जामिया को प्रवेश के लिए कितने आवेदन मिले?
उत्तर: विश्वविद्यालय को एक लाख से अधिक आवेदन प्राप्त हुए।

प्रश्न: इस वर्ष प्रवेश परीक्षाएं कितने शहरों में आयोजित हुईं?
उत्तर: प्रवेश परीक्षाएं देश के 16 शहरों में आयोजित की गईं।

प्रश्न: इस वर्ष जामिया ने कौन सा नया शैक्षणिक कदम उठाया?
उत्तर: विश्वविद्यालय ने पहली बार राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के अनुरूप SWAYAM कोर्स को अपनी पढ़ाई और परीक्षा प्रणाली में शामिल किया।

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